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लालगंज
अंगूठा लगवाकर खेल करते थे बड़ा खेल, एक सिम ग्राहक को… दूसरा साइबर ठगों को बेचते थे
सशक्त न्यूज नेटवर्क
रायबरेली के लालगंज में फर्जी तरीके से सिम कार्ड बेचकर साइबर अपराधियों तक पहुंचाने वाले गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। ग्रामीणों के बायोमेट्रिक का दुरुपयोग कर अतिरिक्त सिम अपने पास रख लेने और उसे साइबर ठगों को बेचने के आरोप में पुलिस ने दो युवकों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया।
लालगंज कोतवाली पुलिस ने साइबर अपराधियों को फर्जी तरीके से सिम कार्ड उपलब्ध कराने के मामले में दो आरोपितों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उन्हें जेल भेज दिया। पुलिस के अनुसार, आरोपित गांव-गांव घूमकर लोगों को सिम कार्ड उपलब्ध कराने का काम करते थे।
जांच में सामने आया कि सिम जारी कराने के दौरान आरोपित ग्रामीणों से एक से अधिक बार बायोमेट्रिक सत्यापन (अंगूठा) कराते थे। इसके बाद एक सिम ग्राहक को देकर उसी दस्तावेज व बायोमेट्रिक पर सक्रिय दूसरा सिम अपने पास रख लेते थे। बाद में इस सिम को 500 से 1000 रुपये में साइबर अपराधियों को बेच दिया जाता था, जिसका इस्तेमाल ऑनलाइन ठगी जैसी वारदातों में किया जाता था।
क्षेत्राधिकारी सुजीत राय ने बताया कि बरवलिया मजरे टिकवामऊ निवासी नीरज सिंह और सुल्तानपुर जाला निवासी आशीष को गिरफ्तार कर उनके खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। दोनों आरोपितों को न्यायालय में पेश करने के बाद जेल भेज दिया गया है। पुलिस मामले की गहराई से जांच कर यह पता लगाने में जुटी है कि अब तक कितने फर्जी सिम बेचे गए और इस नेटवर्क में अन्य कौन-कौन लोग शामिल हैं।