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अपराध
बैनामा लेखक के बेटे का पेड़ से लटकता मिला शव
रायबरेली। गुरुबक्सगंज थाना क्षेत्र के पूरे कोइली मजरे बाँस गाँव निवासी बैनामा लेखक के बेटे का शव गाँव से थोड़ी दूर एक बाग मे पेड़ पर फन्दे से लटका देख हड़कम्प मच गया। परिजनों को खबर मिली तो रोते-चिल्लाते मौके पर पहुँचे और पुलिस को सूचना दी। पुलिस व फारेंसिक टीम ने घटना स्थल का जायजा लिया। शव पेड़ से नीचे उतरवाया और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
थाना क्षेत्र के पूरे कोइली मजरे बाँस गाँव निवासी राघवेन्द्र उर्फ राजू लोधी (44 वर्ष) बैनामा लेखक अपने पिता रज्जन लाल के साथ रजिस्ट्री ऑफिस के पास बैठता थे और उनके काम मे हाथ बंटाता थे। राजू के पिता माँ व दो भाई रायबरेली स्थित घर मे रहते हैं जबकि वह गाँव से रोज शहर आना जाना था। मृतक राजू के छोटे भाई रिषीकेश ने बताया कि सोमवार को रात करीब आठ बजे रायबरेली से खाना खाकर घर के लिए किसी साधन से निकले थे। लेकिन वह घर नही पहुंचे, सुबह गांव के लोग खेतों की तरफ गये थे।
मंगलवार की सुबह ग्रामीण खेतों की तरफ गये तो पूरे तेली गाँव के पास एक बगिया मे चिलवल के पेड़ पर राजू का शव रस्सी से लटकता देखा। ग्रामीणों ने राजू के घर वालों को खबर दी। परिजनों ने पुलिस को सूचना दी। फारेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुँची पुलिस ने मौका मुआयना किया और शव को नीचे उतरवाया। फारेंसिक टीम ने मौके से शराब के पाउच बरामद किये हैं। पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा है। थाना प्रभारी संजय कुमार सिंह ने बताया कि घटना आत्महत्या की है, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ स्पष्ट हो सकेगा।
रज्जन लाल वर्मा रजिस्ट्री कार्यालय के पास अपना चैम्बर बनाकर बैनामा लेखक का काम करते हैं। पिता के कामों में उनके तीन बेटे राघवेन्द्र वर्मा, रिषीकेश व उपेंद्र हाथ बंटाते हैं। सोमवार को भी सभी रजिस्ट्री कार्यालय से अपना काम निपटाकर शहर स्थित घर पर गये। जिसमे राघवेन्द्र खाना खाकर मां फूल दुलारी व बहन से घर जाने की बात कहकर किसी साधन से निकल लिए। लेकिन वह घर नही पहुंचे, मंगलवार की सुबह राघवेन्द्र का शव फांसी के फंदे से लटकता हुआ पाया गया। राघवेन्द्र के दो बेटे आर्यन 14, अनुराग 5, तथा दो बेटियां आकृति व आदिती 8 वर्ष समेत पत्नी मधू का रो रोकर बुरा हाल है।