सशक्त न्यूज नेटवर्क
रायबरेली: बुधवार की रात रायबरेली के महराजगंज इलाके में ग्रामीणों के लिए खौफनाक साबित हुई। पूरे सधई मजरे अतरेहटा और छोटी गढ़ी गांव में एक सियार ने ऐसी दहशत फैलाई कि लोग घरों के बाहर सोना तो दूर, रातभर चैन से आंख तक नहीं लगा सके। सियार ने घरों के दरवाजे और बरामदे में घुसकर सो रहे लोगों पर हमला किया। बच्ची समेत पांच ग्रामीणों को काटकर घायल कर दिया। हमले के बाद ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर पूरी रात पहरा देते रहे।
सोते समय बच्ची पर किया हमला
घटना बुधवार रात करीब 11 बजे छोटी गढ़ी गांव में हुई। बताया गया कि प्रांशी घर के बाहर सो रही थी। इसी दौरान सियार ने उस पर हमला कर दिया। इसके बाद वह पूरे सधई मजरे अतरेहटा पहुंचा और सुमित, रामरती, बाबूलाल और छोटे को काटकर घायल कर दिया। हमले में सभी के हाथ-पैर और चेहरे पर चोटें आई हैं।
सियार के हमले की खबर फैलते ही गांव में अफरा-तफरी मच गई। ग्रामीणों ने बच्चों और बुजुर्गों को घरों के अंदर कर लिया। इसके बाद लाठी-डंडों के साथ पूरी रात गांव में पहरा दिया गया।
शाम को फिर दिखा सियार, ग्रामीणों ने घेरा
गुरुवार शाम करीब सात बजे सियार एक बार फिर गांव के किनारे दिखाई दिया। इसके बाद ग्रामीणों ने घेराबंदी कर उसे पकड़ लिया। लाठी-डंडों से पीटकर सियार को मार गिराया गया। इसके बाद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली।
पांचों घायलों को लगा एंटी रैबीज टीका
सभी घायलों को सीएचसी महराजगंज ले जाया गया। चिकित्सक डॉ. गणनायक पांडेय ने बताया कि पांचों को प्राथमिक उपचार के बाद एंटी रैबीज वैक्सीन दी गई है। सभी की हालत स्थिर है। उन्होंने बताया कि जंगली जानवर के काटने पर घाव को तत्काल साबुन और पानी से धोना चाहिए और बिना देरी किए अस्पताल पहुंचना चाहिए। झाड़-फूंक के बजाय चिकित्सकीय उपचार कराना जरूरी है। घायलों को वैक्सीन की अगली डोज तीसरे, सातवें, 14वें और 28वें दिन लगवाने के लिए बुलाया गया है।
गांव में सियारों की बढ़ती संख्या से चिंता
ग्रामीणों का कहना है कि इलाके में सियारों की संख्या बढ़ रही है। एक ही रात में पांच लोगों पर हमले के बाद लोगों में डर का माहौल है। ग्रामीणों ने वन विभाग से टीम भेजकर इलाके में अभियान चलाने और सियारों के आतंक से निजात दिलाने की मांग की है।
