शंकराचार्य की टिप्पणी से आहत, राज्यकर उपायुक्त प्रशांत सिंह का इस्तीफा
सशक्त न्यूज नेटवर्क
लखनऊ। शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद द्वारा मुख्यमंत्री के खिलाफ की गई टिप्पणी से आहत होकर अयोध्या में राज्यकर विभाग के उपायुक्त प्रशांत सिंह ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। सिंह ने अपने इस्तीफे में सरकार की गिरती छवि का हवाला दिया है और कहा है कि वे सरकार के समर्थन में यह कदम उठा रहे हैं। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि वे यूजीसी और हिन्दुत्व जैसे संवेदनशील मुद्दों पर बोलने का साहस नहीं जुटा पाए।
इस्तीफे का कारण: मुख्यमंत्री पर टिप्पणी
सूत्रों के अनुसार, उपायुक्त प्रशांत सिंह ने शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद की मुख्यमंत्री के खिलाफ की गई विवादास्पद टिप्पणी से आहत होकर यह निर्णय लिया है। यह टिप्पणी सार्वजनिक मंचों पर की गई थी और इसने राजनीतिक गलियारों में हलचल मचा दी थी। सिंह, जो सरकार के एक वरिष्ठ अधिकारी हैं, ने इस टिप्पणी को अनुचित मानते हुए अपने पद से त्यागपत्र दे दिया है।
सरकार की छवि पर चिंता
अपने इस्तीफे में, प्रशांत सिंह ने सरकार की छवि पर चिंता व्यक्त की है। उनका मानना है कि इस तरह की टिप्पणियां सरकार की प्रतिष्ठा को धूमिल कर सकती हैं। उन्होंने कहा कि वे सरकार के प्रति निष्ठावान हैं और इसी भावना से इस्तीफा दे रहे हैं, ताकि सरकार को किसी भी प्रकार की नकारात्मकता से बचाया जा सके।
संवेदनशील मुद्दों पर चुप्पी
सिंह ने यह भी स्वीकार किया कि वे यूजीसी और हिन्दुत्व जैसे महत्वपूर्ण और संवेदनशील मुद्दों पर खुलकर बोलने में असमर्थ रहे। यह बयान उनकी आंतरिक दुविधा को दर्शाता है, जहाँ वे एक ओर सरकारी पद पर हैं और दूसरी ओर कुछ मुद्दों पर अपनी राय व्यक्त करने में झिझक महसूस कर रहे हैं। उनके इस बयान से प्रशासनिक हलकों में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया है।