सशक्त न्यूज नेटवर्क
डलमऊ। अवैध खनन और परिवहन के खिलाफ खनन विभाग की कार्रवाई से पहले ही वाहनों को सतर्क करने वाले नेटवर्क का खुलासा हुआ है। जांच टीम की लोकेशन खनन माफिया और वाहन स्वामियों तक पहुंचाने के आरोप में 48 लोकेटर खनन विभाग के रडार पर हैं। इनमें सरेनी क्षेत्र के पांच लोकेटरों के खिलाफ डलमऊ कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज कराई जा चुकी है। अब अन्य आरोपितों के खिलाफ भी कार्रवाई की तैयारी है।
खनन अधिकारी सुरेश लकड़ा ने पुलिस को भेजे पत्र में बताया कि जांच के दौरान कुछ लोगों द्वारा विभागीय टीम की लोकेशन लगातार वाहन स्वामियों और अवैध परिवहन में शामिल लोगों तक पहुंचाने की जानकारी सामने आई। टीम की लोकेशन मिलते ही संबंधित वाहन मौके से हटा लिए जाते थे। इससे ओवरलोड और बिना प्रपत्र वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई प्रभावित हो रही थी।
तीन मार्गों पर जांच, पहले ही मिल जाती थी खबर
खनन विभाग की टीमें ऊंचाहार-डलमऊ, डलमऊ-लालगंज और मुंशीगंज-डलमऊ मार्ग पर नियमित जांच करती हैं। आरोप है कि इन मार्गों पर टीम की गतिविधियों की जानकारी लोकेटरों के माध्यम से वाहन स्वामियों तक पहुंचती थी। सूचना मिलते ही वाहन रास्ता बदल देते या मौके से हटा दिए जाते थे। फतेहपुर-डलमऊ मार्ग पर भी ऐसे वाहनों के लगातार अवैध परिवहन की बात विभागीय जांच में सामने आई है।
अनिल समेत पांच पर एफआईआर
खनन अधिकारी की तहरीर पर सरेनी क्षेत्र निवासी अनिल, अंशु, शुभम, शैलेंद्र और इमरान के खिलाफ डलमऊ कोतवाली में प्राथमिकी दर्ज की गई है। विभाग के अनुसार कई वाहनों पर दो या उससे अधिक चालान लंबित हैं। इसके बावजूद उनके संचालन और अवैध परिवहन की शिकायतें सामने आती रही हैं।
वाहन स्वामियों की भूमिका भी जांच के घेरे में
खनन विभाग ने ऐसे वाहनों के नंबर भी पुलिस को उपलब्ध कराए हैं, जिनके स्वामियों पर लोकेटरों के माध्यम से जांच टीम की जानकारी हासिल कर अवैध परिवहन कराने का आरोप है। विभाग ने संबंधित वाहन स्वामियों और लोकेटरों के खिलाफ खान एवं खनिज (विकास एवं विनियमन) अधिनियम-1957, उत्तर प्रदेश उपखनिज (परिहार) नियमावली और लोक संपत्ति नुकसान निवारण अधिनियम के तहत कार्रवाई की संस्तुति की है।
पुलिस को संबंधित प्रकरणों में प्राथमिकी दर्ज कर आवश्यक कार्रवाई करने के लिए कहा गया है। अब जांच में लोकेशन साझा करने के तरीके, वाहन स्वामियों से संपर्क और पूरे नेटवर्क में शामिल अन्य लोगों की भूमिका खंगाली जाएगी।

